c++ introduction in hindi
C++ EK object oriented programming
language है। C++ Bjarne stroustrup के द्वारा
develop की गयी थी।
C++ के आने से पहले c और
Simula 67 at popular languages efti Bjarne
stroustrup इन दोनों languages को मिलाकर एक
ऐसी language बनाना चाहते थे,
जिसमे object
oriented programming के सभी features हो ।
उनकी इसी सोच का परिणाम C++ थी।
C++ को
1979 में bell laboratories में develop किया
गया था। C++ एक middle level language है।
इसमें high level और low level languages के
फीचर्स है। C language के सभी features C++ में
पाये जाते है। C++ के 3 important features है।
Object oriented
Low level as well as high level
Easy to learn
C++ कँहा कँहा यूज़ की जाती है और आप इसे
कैसे इस्तेमाल कर सकते है, आइये जानने का प्रयास
करते है।
C++ को ज्यादातर उन software में यूज़ किया
जाता है जँहा Hardware के ऊपर अधिक control
की आवश्यकता होती है।
जैसे की device drivers
बनाने के लिए C++ का इस्तेमाल किया जाता है।
C++ एक multipurpose language है। इसे आप
बड़े software क्रिएट करने के लिए इस्तेमाल कर
सकते है।
आज कल C++ को ज्यादातर education के
purpose से यूज़ किया जाता है। क्योंकि सभी बड़ी
languages के features C++ से लिए गए है। यदि
आप C++ को समझ गए है तो बाकि languages क
भी आसानी से समझ सकते है।
C++ c language का extension है। इसलिए वो
सभी software जो c बनाये जा सकते है वो C++ मे
भी बनाये जा सकते है।
यदि आप चाहते है की आपका software low leve
पर भी उतने ही अच्छे तरीके से काम करे जितना
high level पर तो आप C++ यूज़ कर सकते है।
Mostly जितनी भी नयी programming
language है
वो pointer को खुलकर support नही
करती है। यदि आप pointers के इस्तेमाल से कोई
software क्रिएट करना चाहते है तो आप C++ का
यूज़ कर सकते है।